भिलाई से अंबिकापुर जाकर महादेव बुक आईडी पर सट्टा चलाने वाले 11 युवक गिरफ्तार

भिलाई से अंबिकापुर जाकर महादेव बुक आईडी पर सट्टा चलाने वाले 11 युवक गिरफ्तार
पुलिस ने इनके पास से जब्त किया 7 लैपटॉप, 16 मोबाइल, पासबुक, एटीएम व लेनदेन का लेखा जोखा
गैर जमानती धाराओं के तहत इन आरोपियों के विरूद्ध दर्ज की जा रही है अपराध

भिलाई। दुर्ग पुलिस ने भिलाई से अम्बिकापुर जाकर महादेव बुक एप से सट्टा का कारोबार चालाने वाले 11 सटोरियों को गिरफ्तार किया है। ये सभी अंबिकापुर में महादेव बुक आईडी पर सट्टेबाजी का ब्रांच संचालित कर रहे थे। पुलिस को मिले इनपुट के बाद टीम ने छापा मारी और अंबिकापुर के एक मकान से इन सभी 11 लोगों को गिरफ्तार कर इनके पास से पुलिस ने 7 लैपटॉप, 16 मोबाइल फ़ोन, पासबुक, एटीएम व लेनदेन का लेखाजोखा बरामद किया है।
पकड़े गए आरोपियों में दीपक कुमार ध्रुवव पिता रामकुमार (23 वर्ष) पता घासीदास नगर जामुल, अनय शर्मा पिता विजय शर्मा (20 वर्ष) निवासी ईडब्ल्यूएस 1259 हाउसिंग बोर्ड कालोनी भिलाई, हर्षदीप पिता मनजीत सिंह (19 वर्ष) निवासी अनिल किराना स्टोर के पीछे, बी एम शाह हॉस्पिटल के पास सुपेला, नवीन चौधरी पिता रघुवीर चौधरी (19 वर्ष) बीएम शाह हॉस्पिटल के पास सुपेला, फारुख रंगरेज पिता मुन्ना रंगरेज (25 वर्ष) संतराबाड़ी दुर्ग, पियूष खेत्रपाल पिता हरीश खेत्रपाल (27 वर्ष) निवासी कादंबरी नगर दुर्गा मंदिर के पास दुर्ग, रोहित सिंह पिता जसवीर सिंह (23 वर्ष) निवासी जामुल के गौतम पिता के शिवा (22 वर्ष) निवासी बालाजी नगर खुर्सीपार, शिवा पिता शशी (22 वर्ष) बालाजी नगर खुर्सीपार, सुधीर चौधरी पिता मोहन चौधरी (23 वर्ष) निवासी घासीदास नगर जामुल शामिल हैं। सभी से पूछताछ की जा रही है।


एसपी डॉ अभिषेक पल्लव ने बताया कि अंबिकापुर में ध्वस्त की गयी दोनों ब्रांच से कुल 11 युवकों को गिरफ्तार किया गया है। इनसे 7 लैपटॉप, 16 मोबाइल फोन, पासबुक, एटीएम, रजिस्टर जब्त हुआ है। सभी आरोपियों को टीम भिलाई लेकर पहुंच गई है। इन सभी आरोपियों के खिलाफ आईटी अधिनियम की गैर जमानती धाराओं के तहत अपराध कायम कर कार्रवाई की जा रही है।
अब तक हो चुकी है 21 ब्रांच का भंडाफोड़
दुर्ग पुलिस द्वारा महादेव एप से जुड़े सटोरियों पर लगातार कार्रवाई कर रही है। दुर्ग पुलिस अब तक महादेव एप की 21 शाखाओं का भंडाफोड़ कर चुकी है। आईपीसी और आईटी एक्ट की गंभीर धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की जा रही है। मीडिया के माध्यम से कई चेतावनी व अनुरोध करने के बाद भी भिलाई के युवा अभी भी महादेव बुक एप से जुड़ रहे हैं। इसे देखते हुए अधिनियम के साथ आईपीसी और आईटी अधिनियम की गैर.जमानती धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की जा रही है।