बजरंग दल पर हो रही राजनीति पर खुलकर बोले स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती, धर्मांतरण के मुद्दे पर दो टूक

शंकराचार्य ने कहा कि धर्मांतरण जो हो रहा है। वह धार्मिक कारण से नहीं केवल राजनीतिक कारण से हो रहा है। ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती शुक्रवार को भिलाई के नेहरू नगर पहुंचे थे।

ज्योतिष पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती आज भिलाई के नेहरू नगर पहुंचे। शंकराचार्य ने कहा कि धर्मांतरण जो हो रहा है। वह धार्मिक कारण से नहीं केवल राजनीतिक कारण से हो रहा है। कई धर्म वाले हैं, वह चाहते हैं कि विश्व में राज करें और जो धर्मांतरण का विरोध हो रहा है वह भी धार्मिक कारण से नहीं हो रहा है। वह भी एक राजनीति कारण से किया जा रहा है। जिसको राजनीति करनी है। किसी को धर्मांतरण करके राजनीति सफल हो रही है और किसी को धर्मांतरण का विरोध कर कर राजनीति को सफल कर रहे हैं। सब राजनीति के लिए हो रहा है। धर्म के लिए कुछ नहीं, किसी का जीवन अब तक पूछा नहीं होता है जो धर्मांतरण किया हो जो वापस लौट कर आ चुका हूं दोनों वैसे ही अभी भी है। सनातन धर्म की रक्षा के लिए अब आगे आना ही होगा। जरूरत पड़ी जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा।

बजरंग दल को लेकर शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि बजरंग दल को लेकर जो लोग बयानबाजी कर रहे हैं। वह सभी राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि धर्म फुटबॉल हो गया है। कोई इधर से कीक मारता है तो कोई उधर से किक मारता है। बजरंग दल जिस संस्था का नाम है, संस्था का नाम बजरंग दल रख देने से कोई बजरंगबली नहीं हो जाता और संस्था जैसा आचरण करेगी।

वैसा ही उसका व्यवहार होगा। बजरंग दल के लोगों ने ऐसा कोई कार्य किया होगा। इसलिए समाज में इतनी बातें चल रही है। उसी हिसाब से उनकी छवि है। पहले राम जन्मभूमि आंदोलन में बजरंग दल की बड़ी भूमिका थी, विनय कटियार उसके अध्यक्ष थे। लेकिन अब राम मंदिर बन रहा है तो विनय कटियार की उपेक्षा हो रही है। शंकराचार्य ने कहा कि हम पूछना चाहते हैं कि विनय कटियार की उपेक्षा क्यों। क्या इसका मतलब यह है कि जो लोग मंदिर बना रहे हैं, उन्हीं लोगों ने उनके योगदान को नकार दिया है।