ऐसा क्या हुआ की दुर्ग में अंतिम संस्कार के दौरान शव को श्मशान घाट छोड़कर भाग खड़े हुए लोग, और फिर…

दुर्ग के भाठापारा निकुम में एक वृध्द महिला की मौत होने के बाद अंतिम यात्रा को लेकर परिवारजन व सैकड़ों ग्रामीणजन शाम को 4 बजे श्मशान घाट दाह संस्कार करने पहुंचे ग्रामीणों पर मधुमक्खियों ने हमला कर दिया. इससे अफरा तफरी मच गई, वहीं कई लोगों को कई डंक लगने से ग्रामीणजन दहशत के चलते शव को छोड़ कर भागे।

फिर घायल मरीज सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र निकुम इलाज कराने पहुंचे, तो डॉक्टर ही नहीं थे. दर्द से कराह रहे मरीज मजबूरी में निजी क्लीनिक में इलाज करवाये. वहीं ग्राम निकुम के मधुक्खी के डंक से घायल राजकुमार साहू ने कहा कि निकुम में स्वास्थ्य व्यवस्था बदहाल है।

समय पर डॉक्टर नहीं मिलते स्टाफ भी नहीं रहता है। गौर हो कि बीते कुछ दिन पहले ही दुर्ग कलेक्टर ऋचा प्रकाश चौधरी ने अस्पताल का निरीक्षण किया फिर भी यहां की व्यवस्था बदहाल है। विधानसभा चुनाव के बाद से आज तक जीवनदीप समिति की बैठक भी नहीं हुई. समय पर डॉक्टर नहीं पहुंचते है जिसके कारण निजी डॉक्टरों के पास जाना मजबूरी बन गई. ग्राम पंचायत निकुम के पंच धमेन्द्र साहू ने बताया कि ग्राम पंचायत निकुम समय रहते उस मधुमक्खी के छत्ते को हटाये, ताकि निकट भविष्य में ऐसी घटना न हो। सरपंच को सूचना दे दी गई. मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी दुर्ग डॉ. जेपी मेश्राम ने कहा कि समय पर स्टाप अस्पाताल पहुंचे, लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं होगी. ग्रामीण क्षेत्रों में भी मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मिले।