BJP New Team: नितिन नवीन की नई टीम में बड़ा उलटफेर, वसुंधरा राजे-स्मृति ईरानी को बड़ी जिम्मेदारी, सरोज पांडे को नहीं मिली जगह
नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी ने राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की नई टीम का ऐलान कर दिया है। पार्टी की नई राष्ट्रीय टीम में कई अनुभवी चेहरों को महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां दी गई हैं, वहीं कुछ पुराने नेताओं को इस बार संगठन में जगह नहीं मिली है। नई टीम में राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी, राम माधव समेत कई प्रमुख नेताओं को अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है।
नई टीम को लेकर सबसे ज्यादा चर्चा उन नेताओं की भी हो रही है, जो पिछली टीम में महत्वपूर्ण पदों पर थे लेकिन इस बार जारी सूची में उनका नाम नजर नहीं आया। सरोज पांडे को भी नई राष्ट्रीय टीम में कोई पद नहीं मिला है। बीजेपी की वेबसाइट पर उपलब्ध पिछली राष्ट्रीय पदाधिकारियों की सूची में सरोज पांडे राष्ट्रीय उपाध्यक्ष के तौर पर दर्ज थीं, जबकि नई घोषित सूची में उनका नाम शामिल नहीं है।
वसुंधरा राजे और राम माधव को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी
नितिन नवीन की नई टीम में राजस्थान की दिग्गज नेता और पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बनाया गया है। उनके साथ राम माधव, तीरथ सिंह रावत, बैजयंत जय पांडा, डी. पुरंदेश्वरी, रेखा वर्मा समेत कुल 13 नेताओं को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है।
वसुंधरा राजे का संगठन में बने रहना महत्वपूर्ण माना जा रहा है। वह लंबे समय से बीजेपी की राष्ट्रीय राजनीति का प्रमुख चेहरा रही हैं। ऐसे में नई टीम में उन्हें महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दिए जाने को पार्टी के वरिष्ठ नेतृत्व और राज्यों में अनुभवी चेहरों के बीच संतुलन के तौर पर देखा जा रहा है।
स्मृति ईरानी को मिली बड़ी जिम्मेदारी
पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी को राष्ट्रीय महामंत्री बनाया गया है। यह नई टीम की सबसे चर्चित नियुक्तियों में से एक है। स्मृति ईरानी लंबे समय से बीजेपी की राष्ट्रीय राजनीति में सक्रिय रही हैं और पार्टी के प्रमुख महिला चेहरों में उनकी गिनती होती है।
राष्ट्रीय महामंत्रियों की सूची में विनोद तावड़े, सुनील बंसल, बिप्लब कुमार देब, स्मृति ईरानी, सतीश पूनिया, गजेंद्र पटेल, हरीश द्विवेदी और संजय भाटिया को शामिल किया गया है।
सरोज पांडे को नहीं मिली जगह, राजनीतिक हलकों में चर्चा
नई टीम में सरोज पांडे का नाम नहीं होना खास तौर पर चर्चा में है। सरोज पांडे बीजेपी की राष्ट्रीय राजनीति में लंबे समय से सक्रिय रही हैं और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी भी संभाल चुकी हैं।
बीजेपी की उपलब्ध राष्ट्रीय पदाधिकारियों की सूची में उनका नाम राष्ट्रीय उपाध्यक्ष के रूप में दर्ज है। ([BJP][2]) नई टीम में उनके लिए कोई पद घोषित नहीं किया गया है। हालांकि, केवल नई राष्ट्रीय पदाधिकारी सूची में नाम नहीं होने के आधार पर उनके राजनीतिक भविष्य या पार्टी में उनकी भूमिका को लेकर किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
बीएल संतोष को संगठन की कमान
नई टीम में बीएल संतोष को राष्ट्रीय महामंत्री (संगठन) की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं शिवप्रकाश और सौदान सिंह को राष्ट्रीय सह महामंत्री (संगठन) बनाया गया है।
राष्ट्रीय महामंत्री के स्तर पर संगठन में विनोद तावड़े, सुनील बंसल, बिप्लब कुमार देब, स्मृति ईरानी, सतीश पूनिया, गजेंद्र पटेल, हरीश द्विवेदी और संजय भाटिया को जिम्मेदारी दी गई है।
संदीप पाठक की भी नई टीम में एंट्री
आम आदमी पार्टी से बीजेपी में आए डॉ. संदीप पाठक को भी नई राष्ट्रीय टीम में जगह मिली है। उन्हें राष्ट्रीय मंत्री बनाया गया है।
यह नियुक्ति राजनीतिक रूप से इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि पाठक का संगठनात्मक और चुनावी रणनीति से जुड़ा अनुभव बीजेपी के लिए उपयोगी माना जा सकता है। नई टीम में उन्हें शामिल करके पार्टी ने संगठन में नए चेहरों को भी स्थान देने का संकेत दिया है।
पीयूष गोयल बने राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल को राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष बनाया गया है। राजेश मंगल को राष्ट्रीय सह कोषाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है।
वहीं तरुण चुघ को राष्ट्रीय कार्यालय प्रभारी और महेंद्र पांडे को राष्ट्रीय कार्यालय मंत्री बनाया गया है।
मीडिया और सोशल मीडिया टीम में भी बदलाव
बीजेपी ने मीडिया और सोशल मीडिया संगठन में भी नई नियुक्तियां की हैं। अनिल बलूनी को मीडिया संयोजक बनाया गया है। आशीष उषा अग्रवाल, प्रदीप भंडारी और सिद्धार्थ यादव को मीडिया सह संयोजक की जिम्मेदारी मिली है।
सोशल मीडिया की कमान दीपक म्हस्के को दी गई है। प्रीति गांधी, शिवानंद द्विवेदी, आलोक भट्ट और अरुण यादव को सोशल मीडिया सह संयोजक बनाया गया है।
मोर्चों की कमान भी तय
नई टीम में बीजेपी के विभिन्न मोर्चों के अध्यक्ष भी घोषित किए गए हैं। युवा मोर्चा की जिम्मेदारी डॉ. हेमांग जोशी को, महिला मोर्चा की जिम्मेदारी रूप कुमारी चौधरी को और ओबीसी मोर्चा की जिम्मेदारी अमरपाल मौर्य को दी गई है।
किसान मोर्चा की कमान बंसीलाल गुर्जर, एससी मोर्चा की शिवेश कुमार राम, एसटी मोर्चा की डॉ. मन्नालाल रावत और अल्पसंख्यक मोर्चा की कुंवर बासित अली को सौंपी गई है।
नई टीम से क्या संदेश?
बीजेपी की नई राष्ट्रीय टीम में वरिष्ठ नेताओं के अनुभव के साथ नए और अपेक्षाकृत युवा चेहरों को भी जगह दी गई है। हालिया रिपोर्टों में भी पार्टी के संगठनात्मक पुनर्गठन को नेतृत्व में नई ऊर्जा, क्षेत्रीय संतुलन और आगामी चुनावी चुनौतियों के लिए संगठन को तैयार करने की कवायद के तौर पर देखा गया है।
खास बात यह है कि नई टीम में महिलाओं को भी महत्वपूर्ण प्रतिनिधित्व मिला है। वसुंधरा राजे को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और स्मृति ईरानी को राष्ट्रीय महामंत्री बनाए जाने के साथ संगठन में महिला नेतृत्व की मौजूदगी मजबूत हुई है।
वहीं सरोज पांडे जैसे पुराने और अनुभवी चेहरे का नई सूची में नहीं होना बीजेपी के संगठनात्मक पुनर्गठन का एक महत्वपूर्ण पहलू है। फिलहाल पार्टी की ओर से उनके नाम को लेकर कोई अलग स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है। इसलिए इसे संगठन में स्थायी तौर पर किनारे किए जाने के रूप में देखना उचित नहीं होगा।
कुल मिलाकर नितिन नवीन की नई टीम में अनुभव, क्षेत्रीय संतुलन, महिला प्रतिनिधित्व और नए चेहरों के बीच संतुलन बनाने की कोशिश दिखाई देती है। आने वाले समय में यह टीम बीजेपी के संगठनात्मक विस्तार और आगामी चुनावी रणनीति में कितनी प्रभावी साबित होती है, इस पर राजनीतिक नजरें रहेंगी।
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