पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दुर्ग के गरबा कार्यक्रम में हुए विवाद को लेकर भारतीय जनता पार्टी और बजरंग दल पर तीखा हमला बोला है।
छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने दुर्ग के गरबा कार्यक्रम में हुए विवाद को लेकर भारतीय जनता पार्टी और बजरंग दल पर तीखा हमला बोला है। पद्मनाभपुर स्थित गरबा पंडाल में मां दुर्गा की महाआरती में शामिल होने पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि दक्षिणपंथी संगठनों के नेता दोहरे मापदंड अपना रहे हैं। उन्होंने विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए हंगामे पर सवाल उठाते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत के बयानों का हवाला दिया। भूपेश बघेल ने स्पष्ट कहा कि भारतीय जनता पार्टी और संघ के बड़े नेताओं को दूसरों को धर्म का ज्ञान देने से पहले अपने घर की स्थिति में सुधार करना चाहिए।
गरबा कार्यक्रम में हुआ विवाद
पद्मनाभपुर क्षेत्र में दुर्ग नवनिर्माण समिति की ओर से गरबा उत्सव में बुधवार रात कार्यक्रम के दौरान बजरंग दल के कार्यकर्ता पंडाल में पहुंचे और मंच से मुस्लिम युवकों के प्रवेश पर रोक लगाने की बात कहने लगे। इसके बाद वहां मौजूद लोगों और आयोजकों के बीच विवाद शुरू हो गया। माहौल बिगड़ता देख कांग्रेस के दुर्ग शहर अध्यक्ष धीरज बाकलीवाल ने बीच-बचाव कर मामले को शांत कराने का प्रयास किया। दोनों पक्षों के बीच हाथापाई और धक्का-मुक्की हो गई, जिसमें बाकलीवाल के साथ भी बदसलूकी की बात सामने आई। इसका एक वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित हो गया।
पुलिस प्राथमिकी और सीसीटीवी जांच
घटना के अगले दिन आयोजन समिति के पदाधिकारियों ने थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पद्मनाभपुर पुलिस ने अज्ञात उपद्रवियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2), 191(2) और 296 के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की सूक्ष्मता से जांच की जा रही है और घटना स्थल के पास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं। उपद्रव में शामिल लोगों की पहचान कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
संघ प्रमुख के बयानों पर घेरा
गरबा पंडाल में महाआरती के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए भूपेश बघेल ने संघ प्रमुख मोहन भागवत के विदेश में दिए बयानों का जिक्र किया। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि संघ प्रमुख इंग्लैंड में कहते हैं कि मुसलमानों को प्रताड़ित करने वाला व्यक्ति हिंदू नहीं हो सकता और भारत के सभी नागरिकों का डीएनए एक है। संघ प्रमुख स्वयं मुस्लिम समुदाय के लोगों के घर जाकर बैठते हैं। ऐसे में बजरंग दल के कार्यकर्ता संघ प्रमुख के विचारों को मानते हैं या नहीं, यह उन्हें स्पष्ट करना चाहिए। भूपेश बघेल ने भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेताओं लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी का नाम लेते हुए कहा कि संघ व भाजपा के शीर्ष नेताओं के परिवारों के संबंध कहां हैं, यह किसी से छिपा नहीं है। इसलिए इन संगठनों को दूसरों पर टिप्पणी करने के बजाय आत्मनिरीक्षण करना चाहिए।
भिलाई इस्पात संयंत्र पर चेतावनी
भूपेश बघेल ने भिलाई इस्पात संयंत्र के संभावित निजीकरण की चर्चाओं पर भी राज्य व केंद्र सरकार को चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि भिलाई इस्पात संयंत्र न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि पूरे देश की अर्थव्यवस्था की धड़कन है। इस ऐतिहासिक संयंत्र में देशभर से लोग रोजगार, शिक्षा और चिकित्सा सुविधाओं की उम्मीद लेकर आते हैं। ऐसे राष्ट्र निर्माण से जुड़े संस्थान को किसी निजी हाथों में बेचने की कोशिश को कतई स्वीकार नहीं किया जाएगा। भूपेश बघेल ने दोहराया कि भिलाई इस्पात संयंत्र को बिकने नहीं दिया जाएगा और इसके लिए लंबा जनआंदोलन लड़ा जाएगा। उन्होंने रावघाट परियोजना के दौरान निजी कंपनियों को ठेका देने के खिलाफ चलाए गए विरोध प्रदर्शन का उदाहरण देते हुए कहा कि जनता के हितों की रक्षा के लिए कांग्रेस हर स्तर पर संघर्ष करेगी।
देश और दुनिया की हर बड़ी खबर का तुरंत अपडेट पाने के लिए नोटिफिकेशन ऑन करें।