बिलासपुर के श्मशान में ‘तंत्र-मंत्र’ का सनसनीखेज मामला: चीफ जस्टिस की तस्वीर रखकर कथित साधना, रिश्तेदार की जमानत से जुड़ा दावा,युवक पकड़ा गया
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले के सीपत क्षेत्र के ग्राम देवरी स्थित मुक्तिधाम में देर रात कथित तंत्र-मंत्र किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। श्मशान घाट में संदिग्ध गतिविधियां देख ग्रामीणों ने निगरानी के बाद मौके पर दबिश दी। ग्रामीणों को देखते ही वहां मौजूद चार युवक भागने लगे, जिनमें से एक को ग्रामीणों ने दौड़ाकर पकड़ लिया और बाद में पुलिस के हवाले कर दिया।
मौके पर पूजा-पाठ में इस्तेमाल होने वाली सामग्री, नींबू, नारियल, सिंदूर, मरी हुई मछली और कुछ तस्वीरें मिलने की बात सामने आई है। इनमें हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश कुमार सिन्हा की तस्वीर समेत दो अन्य लोगों की तस्वीरें होने का दावा किया जा रहा है। घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल है। हालांकि वायरल वीडियो और उससे जुड़े दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
रात के अंधेरे में श्मशान घाट पहुंचा था चार लोगों का समूह
जानकारी के मुताबिक, देवरी गांव के मुक्तिधाम में देर रात चार युवक पहुंचे थे। ग्रामीणों को श्मशान घाट में असामान्य गतिविधियों का संदेह हुआ तो उन्होंने कुछ समय तक निगरानी की। संदेह पुख्ता होने पर ग्रामीण समूह बनाकर मौके पर पहुंचे।
ग्रामीणों को देखते ही चारों युवक वहां से भागने लगे। इस दौरान ग्रामीणों ने पीछा कर एक युवक को पकड़ लिया। पकड़े गए युवक को बाद में सीपत पुलिस के सुपुर्द किया गया।
मौके पर मिली पूजा सामग्री और तस्वीरों ने बढ़ाया संदेह
ग्रामीणों के अनुसार मौके से पूजा सामग्री के अलावा नींबू, नारियल, सिंदूर और मरी हुई मछली मिली। साथ ही कुछ तस्वीरें भी बरामद होने की बात कही जा रही है। इनमें एक तस्वीर हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस की और दो अन्य तस्वीरें युवकों की होने का दावा किया जा रहा है।
घटना के बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं। ग्रामीणों ने पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी, जिसके बाद पुलिस ने पकड़े गए युवक से पूछताछ शुरू की।
वायरल वीडियो में पुलिस के सवाल पर युवक का जवाब
घटना से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में पुलिस पकड़े गए युवक से पूछताछ करती नजर आ रही है। पुलिस की ओर से कथित तौर पर पूछा जाता है कि क्या जज को ही निशाना बनाया जा रहा था। इस पर युवक खुद को पढ़ा-लिखा बताते हुए ऐसी गतिविधि में शामिल होने से इनकार करता नजर आता है।
हालांकि वीडियो की सत्यता, उसमें मौजूद लोगों की पहचान और बातचीत के पूरे संदर्भ की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर साफ हो सकेगी।
रिश्तेदार की जमानत के लिए तंत्र-साधना का दावा
पुलिस की शुरुआती पूछताछ में इस पूरे मामले को एक जेल में बंद रिश्तेदार की जमानत से जोड़कर देखा जा रहा है। बताया जा रहा है कि पकड़े गए युवक का रिश्तेदार प्रियांशु चाकूबाजी के एक मामले में जेल में बंद है और उसकी जमानत के लिए हाईकोर्ट में याचिका लंबित है।
इसी बीच कथित तौर पर सोशल मीडिया के जरिए एक तांत्रिक के संपर्क में आने और उसके बताए उपाय के अनुसार श्मशान घाट में तंत्र-साधना किए जाने की बात सामने आई है। दावा है कि कथित तांत्रिक ने जेल में बंद रिश्तेदार को जमानत दिलाने के लिए इस तरह की क्रिया करने की सलाह दी थी।
हालांकि इन दावों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
पकड़ा गया युवक खुद को बता रहा था बिल्डर
पुलिस पूछताछ में पकड़े गए युवक की पहचान ऋषिकेश कुमार के रूप में बताई जा रही है। वह बिलासपुर के राजकिशोर नगर का निवासी बताया गया है। शुरुआती पूछताछ में ऋषिकेश ने श्मशान घाट में तंत्र-मंत्र करने से इनकार किया और खुद को पढ़ा-लिखा तथा बिल्डर बताया।
पुलिस अब उसके साथ मौके पर मौजूद अन्य युवकों की पहचान और उनकी भूमिका का पता लगाने में जुटी है।
सोशल मीडिया के जरिए कथित तांत्रिक तक पहुंचने का दावा
पूछताछ में सामने आई जानकारी के अनुसार ऋषिकेश सोशल मीडिया के माध्यम से एक कथित तांत्रिक के संपर्क में आया था। पुलिस इस एंगल की भी जांच कर रही है कि कथित तांत्रिक कौन है, उसने युवकों को क्या निर्देश दिए और क्या वास्तव में श्मशान घाट में की गई गतिविधि उसी के कहने पर हुई थी।
पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि चीफ जस्टिस और अन्य लोगों की तस्वीरें वहां क्यों लाई गई थीं और उनका इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया जाना था।
‘जज को नुकसान पहुंचाने’ की चर्चा से मामला और गंभीर
मौके से न्यायिक अधिकारी की तस्वीर मिलने के दावे ने मामले को और गंभीर बना दिया है। वायरल वीडियो में पुलिस की बातचीत के आधार पर सोशल मीडिया पर तरह-तरह के दावे किए जा रहे हैं। हालांकि किसी न्यायिक अधिकारी को नुकसान पहुंचाने या निशाना बनाने की वास्तविक साजिश थी या नहीं, इसकी पुष्टि अभी जांच का विषय है।
पुलिस अब मौके से बरामद सामग्री, तस्वीरों, वायरल वीडियो और पकड़े गए युवक के बयानों को आधार बनाकर पूरे मामले की कड़ियां जोड़ रही है।
देवरी मुक्तिधाम में पहले भी ऐसी घटनाओं की चर्चा
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि देवरी गांव के मुक्तिधाम में इससे पहले भी कथित तंत्र-मंत्र से जुड़ी घटनाएं सामने आती रही हैं। कुछ ग्रामीणों ने कुछ समय पहले एक घर के आंगन में मरी हुई मुर्गी और नींबू जैसी सामग्री मिलने की बात भी कही है।
हालांकि इन पुरानी घटनाओं की भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। ग्रामीणों में ताजा घटना को लेकर डर और आक्रोश का माहौल है।
पुलिस जांच के बाद खुलेगा पूरे मामले का सच
फिलहाल सीपत पुलिस पकड़े गए युवक से पूछताछ कर रही है। पुलिस वायरल वीडियो, मौके से मिली पूजा सामग्री, तस्वीरों और युवक के बयानों की जांच कर रही है। साथ ही फरार तीन अन्य युवकों की पहचान और तलाश भी की जा रही है।
सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या यह महज अंधविश्वास के चलते की गई कथित तंत्र-साधना थी या इसके पीछे किसी को प्रभावित करने अथवा नुकसान पहुंचाने की वास्तविक साजिश थी? पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही इसका स्पष्ट खुलासा हो सकेगा।
फिलहाल इतना जरूर है कि श्मशान घाट में न्यायिक अधिकारी की तस्वीरें मिलने और उसे जमानत से जोड़कर तंत्र-साधना किए जाने के दावे ने बिलासपुर में सनसनी फैला दी है।
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