आखिर वही हुआ, जिसका डर था: LPG के बाद अब भारत मे पेट्रोल तक पहुंची ईरान वॉर की आंच, आम लोगों को एक और बड़ा झटका
ईरान-इजरायल-अमेरिका युद्ध का असर अब साफ-साफ देखने को मिल रहा है। आज शुक्रवार को HPCL ने पावर पेट्रोल की कीमतों में 2.09 रुपये का इजाफा किया है। जिसके बाद कीमतें 113 रुपये को पार कर गई हैं।
आखिर वही हुआ, जिसका डर था। युद्ध की आंच अब पेट्रोल पर पड़ गई है और उसकी कीमतों में आग लग गई है। एलपीजी की किल्लत तो पहले से ही जारी थी, आज एचपीसीएल ने पावर पेट्रोल की कीमतें 2 रुपये प्रति लीटर बढ़ा दी हैं। युद्ध शुरू होने के बाद एलपीजी सिलेंडर भी महंगा हुआ था। 7 मार्च को घरेलू सिलेंडर की कीमत 60 रुपये और कमर्शियल की 115 रुपये बढ़े थे। पेट्रोलियम कंपनियों के अनुसार, “स्पीड” और “पावर” जैसे प्रीमियम पेट्रोल वेरिएंट की कीमत में 2.09 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई है। यह दर, जो पहले 111.68 रुपये प्रति लीटर थी , अब बढ़कर 113.77 रुपये प्रति लीटर हो गई है। हालांकि, सामान्य पेट्रोल के दाम में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
अधिकारियों ने इस कीमत वृद्धि का कारण वैश्विक कच्चे तेल के दामों में तेज उछाल को बताया है। मध्य पूर्व में जारी संघर्ष ने तेल उत्पादन और सप्लाई चेन को बाधित किया है, खासकर ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर हुए हमलों के बाद। इससे अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार में अस्थिरता पैदा हो गई है।
बता दें कई एशियाई देशों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई है, हालांकि कुछ देशों ने अभी कीमतों को स्थिर रखा है।
पड़ोसी देशों में पाकिस्तान में पेट्रोल-डीजल सबसे महंगा
globalpetrolprices.com के मुताबिक सबसे ज्यादा असर पाकिस्तान में देखने को मिला है, जहां पेट्रोल की कीमतों में 24.4% और डीजल में 21.8% की भारी बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा चीन में भी पेट्रोल (10.0%) और डीजल (10.9%) की कीमतों में बड़ा उछाल दर्ज किया गया।
श्रीलंका, म्यांमार और अफगानिस्तान जैसे देशों में भी ईंधन महंगा हुआ है। श्रीलंका में पेट्रोल 7.4% और डीज़ल 9.3% महंगा हुआ, जबकि म्यांमार में पेट्रोल 7.2% और डीजल 8.5% बढ़ा है। अफगानिस्तान में भी पेट्रोल 7.0% और डीजल 8.8% महंगा हुआ। भूटान में पेट्रोल की कीमतों में अपेक्षाकृत कम यानी 4.2% वृद्धि हुई, लेकिन डीजल में 13.6% की तेज बढ़ोतरी दर्ज की गई।
नेपाल, बंग्लादेश में नहीं बढ़े रेट
नेपाल और बांग्लादेश जैसे देशों में अभी तक पेट्रोल-डीजल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं हुआ है। यह दर्शाता है कि इन देशों ने फिलहाल ‘वेट एंड वॉच’ की नीति अपनाई है।
पड़ोसी देशों में किस रेट पर मिल रहा पेट्रोल
भूटान 63.170
बर्मा 77.638
अफगानिस्तान 89.547
बांग्लादेश 90.630
नेपाल 98.463
पाकिस्तान 106.259
श्रीलंका 108.613
चीन 110.113
नोट: यह औसत रेट भारतीय रुपये में है।
दुनिया के कई देशों पर पेट्रोल-डीजल की दोहरी मार
इंटरनेशनल मार्केट में कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों का सीधा असर आम आदमी की जेब पर पड़ना शुरू हो गया है। ग्लोबल पेट्रोल प्राइस डॉट कॉम के मुताबिक लाओस में डीजल ने 72.4 प्रतिशत की छलांग लगाई है। वियतनाम में पेट्रोल की कीमतों में 50 प्रतिशत और डीजल में 65.8 प्रतिशत का उछाल आया है। कंबोडिया में डीजल 37.3 प्रतिशत महंगा हुआ है। ये आंकड़े बताते हैं कि दक्षिण पूर्व एशिया के इन देशों में ईंधन संकट ने विकराल रूप ले लिया है।
अमेरिका में भी भारी उछाल
अफ्रीकी देश नाइजीरिया में पेट्रोल 39.5 प्रतिशत और डीजल 62.5 प्रतिशत महंगा हो चुका है। वहीं अमेरिका में भी डीजल में 27.6 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। प्यूर्टो रिको में तो डीजल 25.1 प्रतिशत महंगा हुआ है।
यूरोप में जर्मनी और स्पेन सबसे ज्यादा प्रभावित
यूरोपीय देशों में जर्मनी सबसे बुरी तरह प्रभावित हुआ है। यहां डीजल 25.3 प्रतिशत महंगा हुआ है। स्पेन में भी डीजल ने 25.6 प्रतिशत का उछाल दर्ज किया है। बेल्जियम, डेनमार्क और फ्रांस में भी डीजल के रेट 15 से 20 प्रतिशत तक बढ़े हैं।