दुर्ग में एसीबी की टीम ने रिश्वत लेने वाले अधिकारी को किया गिरफ्तार, जीपीएफ राशि निकलवाने के बदले मांगी थी रिश्वत
दुर्ग में एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने आज एक बड़ी कार्रवाई करते हुए सिंचाई विभाग के अधीन विद्युत यांत्रिकी शाखा के सहायक ग्रेड 2 अधिकारी को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
दुर्ग में एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने आज एक बड़ी कार्रवाई करते हुए सिंचाई विभाग के अधीन विद्युत यांत्रिकी शाखा के सहायक ग्रेड 2 अधिकारी को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारक अधिनियम के तहत अपराध दर्ज कर उसे न्यायालय के समक्ष पेश कर दिया है।
सिंचाई विभाग के अधीन विद्युत एवं यांत्रिकी शाखा मैं कार्य करने वाले नंदकुमार कांमडे अपनी बेटे की शादी के लिए सामान्य भविष्य निधि (जीपीएफ) से 5 लाख रुपए की रकम को निकालने के लिए लगातार विभाग के अधिकारियों से निवेदन कर रहे थे। इसके बाद विभाग के ही सहायक ग्रेड 2 अधिकारी शिवकुमार ठाकुर ने जब इसके लिए प्रार्थी से 10 हजार रिश्वत की मांग की।
तब प्रार्थी ने इस पूरे मामले की शिकायत एसीबी से कर दी। ACB की टीम ने रिश्वत मांगने वाले अधिकारी को रंगे हाथों गिरफ्तार करने के लिए योजना बनाई। ACB की 12 सदस्यीय टीम ने प्रार्थी को केमिकल लगे नोटों को देकर अधिकारी के पास भेजा।और प्रार्थी द्वारा जब आज रिश्वत दे दी गई।
तब उसे आज पूरी योजना के तहत गिरफ्तार किया गया है। प्रार्थी नंद कुमार कांमडे ने बताया कि बेटे की शादी के लिए उसे 5 लाख रुपए की जरूरत थी। जिसके कारण वह GPF (सामान्य भविष्य निधि) से रकम निकालने के लिए अधिकारियों से लगातार निवेदन कर रहा था।सहायक ग्रेड 2 अधिकारी शिवकुमार ठाकुर ने GPF से 5 लाख रुपए निकालने के एवज में दस हजार रुपए की रिश्वत की मांग कर उस पर दबाव बना रहा था।जिसके बाद उन्होंने एसीबी रायपुर के दफ्तर पहुंचकर पूरे मामले की शिकायत की थी।जिसके बाद आज यह कार्रवाई की गई है।
रायपुर एंटी करप्शन ब्यूरो के निरीक्षक सुरेश सोनी ने बताया कि प्रार्थी द्वारा अधिकारी के खिलाफ रिश्वत मांग की शिकायत ACB से की ।इसके बाद रिश्वत लेने वाले अधिकारी को ट्रैप किया गया। फिर उसे गुरुवार रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है। आरोपी शिव कुमार ठाकुर के खिलाफ एंटी करप्शन भ्रष्टाचार निवारक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय पेश किया गया है।









